UPSC CSE 2026 Essay Paper Discussion

भारत में सूखा प्रबंधन: कारण, प्रभाव और यूपीएससी नोट्स (यूपीएससी पर्यावरण)

भारत में सूखे के प्रकार, कारण, NDM Framework, SDRF-NDRF और 2024-26 नवीनतम डेटा के साथ यूपीएससी GS-III पर्यावरण संदर्भ।

Drought Management in India: Causes, Impacts and UPSC Notes (UPSC Environment) — UPSC featured image

भारत में सूखा (Drought) एक आवर्ती और बहुआयामी आपदा है। देश के ~68% भौगोलिक क्षेत्र सूखे के खतरे में हैं। सूखा न केवल कृषि बल्कि जल सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा और ग्रामीण आजीविका को प्रभावित करता है।

सूखे के प्रकार

  • मौसमी सूखा (Meteorological): वर्षा सामान्य से 25%+ कम।
  • जल विज्ञान सूखा (Hydrological): नदी-झील-भूजल में कमी।
  • कृषि सूखा (Agricultural): मृदा नमी कम — फसल क्षति।
  • सामाजिक-आर्थिक सूखा: माँग-आपूर्ति असंतुलन।

भारत में सूखे के कारण

  • मानसून की अनिश्चितता और El Niño।
  • भूजल का अत्यधिक दोहन।
  • वनों की कटाई।
  • जलवायु परिवर्तन — तापमान वृद्धि, अनियमित वर्षा।

सूखे के प्रभाव

  • कृषि: फसल नुकसान, किसान संकट।
  • जल संकट: पेयजल की कमी।
  • पलायन: ग्रामीण से शहरी।
  • आर्थिक: GDP पर असर; बजट पर दबाव।

सूखा प्रबंधन ढाँचा

NDM Framework (2016)

  • जिला-स्तर पर सूखा घोषणा का मानक।
  • राहत: SDRF (State Disaster Relief Fund) और NDRF।
  • MGNREGS — रोजगार गारंटी।

दीर्घकालिक उपाय

  • PMKSY — प्रत्येक खेत में जल।
  • अटल भूजल योजना — भूजल प्रबंधन।
  • सूखा-प्रतिरोधी किस्में — ICAR।
  • PMFBY — फसल बीमा।

नवीनतम घटनाक्रम (2024-26)

  • 2023: El Niño के कारण दक्षिण और पश्चिम भारत में सूखा।
  • IMD ने 2025 में सामान्य मानसून का पूर्वानुमान दिया।
  • NICRA के तहत 151 जलवायु-संवेदनशील जिलों में विशेष योजनाएँ।

यूपीएससी प्रासंगिकता

  • GS-III: आपदा प्रबंधन, जल संसाधन, कृषि।
  • प्रारंभिक: सूखे के प्रकार, NDRF-SDRF, PMKSY।
  • मुख्य: “भारत में सूखे के कारण और प्रबंधन रणनीति।”

सूखा प्रबंधन में तत्काल राहत और दीर्घकालिक जलवायु अनुकूलन दोनों जरूरी हैं। PMKSY, PMFBY, NICRA और जल संरक्षण अभियान — सही रास्ते हैं, क्रियान्वयन की गति बढ़ानी होगी।

Share this

PDF

Gaurav Tiwari

Written by

Gaurav Tiwari

UPSC Content Team Head · Web Developer & Designer · AnantamIAS

Recognized as one of India’s best content marketers, Gaurav Tiwari is an SEO strategist, WordPress developer, and founder of Gatilab. He builds websites that load in under a second, creates content that ranks on Google’s first page, and develops WordPress plugins and tools used on thousands of live sites.

Specialises in · Writing, web development, design — UPSC prep tooling Experience · 16+ years Visit website ↗

UPSC की तैयारी हिंदी माध्यम में — एक निशुल्क डेमो क्लास

न कोई सेल्स कॉल, न कोई ब्रोशर। सोमवार सुबह की असली GS क्लास देखिए — हमारे अनुभवी शिक्षकों के साथ।