महाराष्ट्र दिवस हर वर्ष 1 मई को महाराष्ट्र राज्य की स्थापना की वर्षगाँठ के रूप में मनाया जाता है। Bombay Reorganisation Act, 1960 के अंतर्गत, संविधान के Article 3 के तहत, 1 मई 1960 को द्विभाषी (bilingual state — द्विभाषी प्रांत) Bombay State को दो भागों — मराठीभाषी महाराष्ट्र और गुजरातीभाषी Gujarat — में विभाजित किया गया। 1 मई 2026 को महाराष्ट्र का 66वाँ स्थापना दिवस मनाया जा रहा है। यह दिन संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन (United Maharashtra Movement) और मराठीभाषी राज्य की माँग के लिए शहीद हुए 106 हुतात्माओं (हुतात्मा — martyr) की स्मृति को भी समर्पित है। राज्य की राजधानी Mumbai है और प्रथम मुख्यमंत्री (CM) यशवंतराव चव्हाण (Yashwantrao Chavan) थे।
परिचय (Introduction)

स्वतंत्रता के बाद भारत के राज्यों के पुनर्गठन (भाषाई पुनर्गठन — linguistic reorganisation) की प्रक्रिया एक लंबी राजनीतिक यात्रा रही। 1956 में पारित States Reorganisation Act ने अधिकांश भारत को भाषाई आधार पर पुनर्गठित किया, परंतु Bombay State को एक “द्विभाषी प्रांत” के रूप में बनाए रखा गया जिसमें मराठी और गुजराती दोनों भाषी क्षेत्र शामिल थे।
यह व्यवस्था दोनों समुदायों को असंतुष्ट रखने वाली साबित हुई। मराठी पक्ष ने संयुक्त महाराष्ट्र समिति (SMS) के नेतृत्व में Mumbai सहित सभी मराठीभाषी क्षेत्रों के एकीकृत राज्य की माँग की, जबकि गुजराती पक्ष ने महागुजरात आंदोलन चलाया। दोनों आंदोलनों के दबाव में, मात्र चार वर्षों के भीतर, संसद ने Bombay Reorganisation Act, 1960 के माध्यम से राज्य का विभाजन किया।
UPSC प्रारंभिक परीक्षा में Article 3, राज्यों के पुनर्गठन और महाराष्ट्र-गुजरात के गठन-वर्ष से जुड़े तथ्य सीधे पूछे जाते हैं। मुख्य परीक्षा (Mains) में GS-I (आधुनिक इतिहास) और GS-II (भारतीय राजव्यवस्था) के अंतर्गत भाषाई पुनर्गठन के सिद्धांत पर विश्लेषणात्मक प्रश्न आते हैं।
मुख्य तथ्य एक नज़र में (Quick Facts at a Glance)
- तिथि: 1 मई (हर वर्ष); 1 मई 2026 = 66वाँ महाराष्ट्र दिवस
- विधिक आधार: Bombay Reorganisation Act, 1960 (Act No. 11 of 1960)
- लागू होने की तिथि: 1 मई 1960
- संवैधानिक शक्ति: Article 3 — संसद की राज्यों के क्षेत्र, सीमा या नाम बदलने की शक्ति
- राजधानी: Mumbai (1995 में Bombay का नाम बदलकर Mumbai किया गया); उप-राजधानी: Nagpur
- प्रथम मुख्यमंत्री (CM): यशवंतराव चव्हाण (Yashwantrao Chavan), 1 मई 1960 से 19 नवंबर 1962
- वर्तमान CM (2026): देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis), शपथ — 5 दिसंबर 2024
- वर्तमान राज्यपाल: C P Radhakrishnan (जुलाई 2024 से)
- राज्य पक्षी: Yellow-footed Green Pigeon (हरियाल — Hariyal)
- राज्य पशु: Indian Giant Squirrel (शेकरू — Shekru)
- राज्य वृक्ष: आम; राज्य पुष्प: जारुल (Jarul / Pride of India)
- क्षेत्रफल: 3.08 लाख वर्ग किमी (क्षेत्रफल में तीसरा सबसे बड़ा राज्य)
- जनसंख्या: 11.24 करोड़ (2011 जनगणना); 2026 अनुमान ~12.6 करोड़
- GSDP: भारत की सबसे बड़ी राज्य अर्थव्यवस्था; FY 2024-25 अनुमानित GSDP ~₹42 लाख करोड़ (अखिल भारतीय GDP में ~13–14% योगदान)
- Lok Sabha सीटें: 48 (Uttar Pradesh के बाद दूसरी सबसे अधिक); Rajya Sabha: 19
संवैधानिक आधार — Article 3 और राज्य पुनर्गठन की शक्ति
संविधान का Article 3 संसद को निम्नलिखित अधिकार देता है:
- किसी राज्य के क्षेत्र को अलग कर नया राज्य बनाना;
- किसी राज्य का क्षेत्र बढ़ाना या घटाना;
- किसी राज्य की सीमाएँ परिवर्तित करना;
- किसी राज्य का नाम बदलना।
ऐसा विधेयक केवल राष्ट्रपति की संस्तुति पर ही प्रस्तुत किया जा सकता है, और राष्ट्रपति इसे संबंधित राज्य के विधानमंडल को विचारार्थ भेजते हैं — परंतु राज्य की राय बाध्यकारी नहीं होती। Bombay Reorganisation Act, 1960 इसी प्रक्रिया के अनुसार पारित हुआ। यह विषय भारत में संघवाद और Article 3 से सीधे जुड़ता है।
यही कारण है कि महाराष्ट्र दिवस केवल एक राज्य का स्थापना दिवस नहीं, बल्कि भारतीय संघवाद की कार्यप्रणाली का जीवंत उदाहरण है। संविधान निर्माताओं ने राज्यों को “indestructible Union of destructible States” के रूप में परिकल्पित किया था — विघटनकारी (separatist) माँगों के बजाय व्यवस्थित विधायी पुनर्गठन के माध्यम से।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि (Historical Background)

स्वतंत्रता के बाद Bombay Province एक विशाल द्विभाषी इकाई थी जिसमें वर्तमान महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक के कुछ हिस्से और मध्य प्रदेश का कुछ क्षेत्र शामिल था। 1956 के States Reorganisation Act के बाद Bombay State को एक “द्विभाषी प्रांत” बनाए रखा गया जिसमें मराठी, गुजराती, सौराष्ट्र और कच्छ क्षेत्र शामिल थे।
मराठीभाषी जनता ने इसे अस्वीकार किया। Lokmanya Tilak, महात्मा ज्योतिबा फुले (Mahatma Jyotiba Phule) और Babasaheb Ambedkar की वैचारिक विरासत पर खड़े नेताओं ने सभी मराठीभाषी क्षेत्रों — Mumbai, विदर्भ और मराठवाड़ा सहित — के एकीकृत राज्य की माँग की। समानांतर रूप से गुजराती पक्ष ने महागुजरात आंदोलन चलाया। द्विभाषी प्रयोग मात्र चार वर्षों में बिखर गया।
States Reorganisation Commission और 1956 का अधिनियम
भारत के आंतरिक मानचित्र को व्यवस्थित रूप से पुनर्निर्धारित करने का पहला बड़ा प्रयास States Reorganisation Commission (SRC) था, जिसकी स्थापना दिसंबर 1953 में हुई। इसके तीन सदस्य थे:
- Fazal Ali (अध्यक्ष) — पूर्व सर्वोच्च न्यायालय न्यायाधीश
- K M Panikkar — इतिहासकार-राजनयिक
- H N Kunzru — संविधान सभा के सदस्य और सांसद
SRC ने अपनी रिपोर्ट 30 सितंबर 1955 को प्रस्तुत की और भाषाई आधार पर राज्यों के पुनर्गठन की सिफारिश की, जिसके आधार पर States Reorganisation Act, 1956 पारित हुआ — 14 राज्य और 6 केंद्रशासित प्रदेश बनाए गए।
Bombay के संदर्भ में SRC ने त्रिभाषी समाधान सुझाया था — अलग महाराष्ट्र, अलग गुजरात, और Mumbai को केंद्रशासित नगर-राज्य। संसद ने यह सुझाव अस्वीकार करते हुए एक ही द्विभाषी Bombay State बनाया — और इसी निर्णय ने संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन को जन्म दिया।
संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन (Samyukta Maharashtra Movement)
संयुक्त महाराष्ट्र समिति (Samyukta Maharashtra Samiti, SMS) की स्थापना 6 फरवरी 1956 को Pune में हुई। इसका मूल लक्ष्य था — Mumbai सहित मराठीभाषी राज्य का गठन। आंदोलन का नेतृत्व एक असाधारण नेताओं की मंडली ने किया:
- आचार्य प्रल्हाद केशव अत्रे (Acharya Pralhad Keshav Atre) — ओजस्वी वक्ता, पत्रकार, मराठा के संपादक
- सेनापति बापट (Senapati Bapat / Pandurang Mahadev Bapat) — स्वतंत्रता सेनानी, मुलशी सत्याग्रह के नायक
- S A Dange (Shripad Amrit Dange) — कम्युनिस्ट नेता और मज़दूर संगठक
- S M Joshi (Shreedhar Mahadev Joshi) — समाजवादी नेता, बाद में SMS अध्यक्ष
- प्रबोधनकार ठाकरे (Prabodhankar Thackeray) — समाज सुधारक एवं पत्रकार
- Madhu Limaye, N G Goray — समाजवादी सांसद
समिति में Indian National Congress (INC) के असंतुष्ट, Communist Party of India (CPI), और Praja Socialist Party (PSP) — तीनों धाराएँ एक मंच पर आईं।
106 हुतात्मा और हुतात्मा चौक
21 नवंबर 1955 को Bombay के Flora Fountain पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर गोलियाँ चलाईं। 1956–57 के दौरान कई स्थानों पर हुई पुलिस फायरिंग में कुल 106 प्रदर्शनकारी मारे गए — इन्हें ही 106 हुतात्मा (हुतात्मा — martyr) के रूप में याद किया जाता है।
महाराष्ट्र के गठन के बाद Flora Fountain का नाम बदलकर हुतात्मा चौक (Hutatma Chowk) रखा गया। यहाँ एक अमर ज्योति और मशाल लिए मूर्ति स्थापित की गई जिस पर सभी 106 शहीदों के नाम अंकित हैं। हर वर्ष 1 मई को यहाँ पुष्पांजलि अर्पित की जाती है।
Bombay Reorganisation Act, 1960 — निर्णायक अधिनियम
1959 तक राजनीतिक दबाव असहनीय हो चुका था। प्रधानमंत्री Jawaharlal Nehru की सरकार ने Bombay Reorganisation Act, 1960 (Act No. 11 of 1960) पारित किया। मुख्य प्रावधान:
- Section 3 — गुजराती-भाषी ज़िलों (सौराष्ट्र, कच्छ, उत्तर-मध्य गुजरात) से नए Gujarat State का निर्माण
- शेष क्षेत्र महाराष्ट्र राज्य के रूप में रहा, जिसकी राजधानी Mumbai बनी
- अधिनियम 1 मई 1960 को लागू हुआ
INC के यशवंतराव चव्हाण ने उसी दिन प्रथम CM के रूप में शपथ ली। श्री प्रकाश (Sri Prakasa) पहले राज्यपाल बने। यशवंतराव चव्हाण को “आधुनिक महाराष्ट्र के शिल्पकार” कहा जाता है — उन्होंने Mumbai-Pune में औद्योगिकीकरण और पश्चिमी महाराष्ट्र में सहकारी कृषि मॉडल — दोनों को संतुलित किया। बाद में 1962 युद्ध के समय वे केंद्रीय रक्षा मंत्री बने।
Mumbai महाराष्ट्र के साथ क्यों रहा
Mumbai का प्रश्न 1955–60 की सबसे विवादित बहस थी। तीन प्रस्ताव सामने थे:
- Mumbai केंद्रशासित नगर-राज्य (SRC का सुझाव, मोरारजी देसाई का समर्थन)
- Mumbai गुजरात के साथ — व्यापारिक गुजराती-मारवाड़ी समुदाय के तर्क पर
- Mumbai महाराष्ट्र के साथ — मराठीभाषी जनसंख्या और भौगोलिक निरंतरता के आधार पर
मराठी-बहुसंख्यक जनसंख्या का तर्क प्रबल पड़ा — संयुक्त महाराष्ट्र समिति के जन-आंदोलन और 1962 के चुनाव से पहले Congress पर पड़े राजनीतिक दबाव ने अंतिम निर्णय तय किया। Mumbai का महाराष्ट्र में बने रहना राज्य की मूलभूत राजनीतिक संधि है।
आधुनिक महाराष्ट्र — 2026 का परिदृश्य
- अर्थव्यवस्था: भारत की सबसे बड़ी राज्य अर्थव्यवस्था; FY 2024-25 GSDP ~₹42 लाख करोड़; प्रति व्यक्ति आय ~₹2.78 लाख (FY 2023-24, RBI Handbook)
- औद्योगिक धुरी: Mumbai-Pune-Nashik-Aurangabad औद्योगिक गलियारा; RBI, BSE, NSE, SEBI सभी Mumbai में मुख्यालयित; MIDC के 290+ औद्योगिक क्षेत्र
- कृषि: भारत में सबसे बड़ा गन्ना उत्पादक; सहकारी चीनी मिलें राज्य की पहचान; मराठवाड़ा-विदर्भ का कृषि संकट चुनौती बना हुआ है
- HDI: उच्च-HDI राज्यों में; NFHS-5 के आँकड़े मिश्रित — आय बेहतर, परंतु आदिवासी ज़िलों में कुपोषण (stunting) और रक्ताल्पता (anaemia) चिंताजनक
- मराठा आरक्षण आंदोलन: 2018 से प्रमुख मुद्दा; Maharashtra State Reservation for SEBC Act 2024 के अंतर्गत 10% मराठा आरक्षण लागू, फिलहाल न्यायिक समीक्षा में
- राजनीति: नवंबर 2024 के विधानसभा चुनाव में Mahayuti (BJP + Shiv Sena Eknath Shinde + NCP Ajit Pawar) की भारी जीत; देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) ने 5 दिसंबर 2024 को CM पद की शपथ ली। Eknath Shinde और Ajit Pawar उप-मुख्यमंत्री हैं। विपक्ष में Shiv Sena (UBT), Congress, MNS तथा NCP (Sharad Pawar)
राज्य प्रतीक और महाराष्ट्र दिवस का आयोजन
राज्य के राजचिह्न में अशोक स्तंभ के साथ संस्कृत श्लोक “प्रतिपच्चन्द्रलेखेव वर्धिष्णुर्विश्ववन्दिता महाराष्ट्रस्य राज्यस्य मुद्रा भद्राय राजते” अंकित है, जो छत्रपति शिवाजी महाराज की मुहर से लिया गया है।
- पक्षी: Yellow-footed Green Pigeon (हरियाल)
- पशु: Indian Giant Squirrel (शेकरू) — Bhimashankar में पाया जाता है
- वृक्ष: आम; पुष्प: जारुल (Jarul)
- खेल: कबड्डी (वस्तुतः); नृत्य: लावणी
मुख्य आयोजन Mumbai के Shivaji Park (दादर) में होता है जहाँ राज्यपाल ध्वजारोहण कर सलामी लेते हैं। हुतात्मा चौक पर 106 शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की जाती है। महाराष्ट्र दिवस एक राजपत्रित अवकाश है और संयोग से International Labour Day के साथ मेल खाता है — Mumbai की मिल-मज़दूर परंपरा और संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन में ट्रेड यूनियनों की भूमिका को देखते हुए यह एक प्रासंगिक संयोग है।
UPSC के लिए प्रासंगिकता
Prelims:
- Article 3 — संसद की नए राज्य गठन की शक्ति
- States Reorganisation Commission, 1953 — Fazal Ali, K M Panikkar, H N Kunzru
- States Reorganisation Act, 1956 बनाम Bombay Reorganisation Act, 1960 — अंतर
- महाराष्ट्र के प्रथम CM — यशवंतराव चव्हाण
- राज्य प्रतीक — Yellow-footed Green Pigeon, Indian Giant Squirrel
- हुतात्मा चौक → पूर्व नाम Flora Fountain
Mains GS-I (आधुनिक भारतीय इतिहास) और GS-II (राजव्यवस्था):
- भाषाई पुनर्गठन (linguistic reorganisation) का सिद्धांत — गुण और सीमाएँ
- संयुक्त महाराष्ट्र और महागुजरात आंदोलन — जन-आंदोलन के केस स्टडी
- Mumbai का महाराष्ट्र की राजधानी और भारत की वित्तीय राजधानी के रूप में बने रहना — राजनीतिक-अर्थशास्त्रीय निहितार्थ
- Article 3 और राज्य विधानमंडलों की सहमति की संवैधानिक बहस
व्यापक संदर्भ के लिए भारत के राष्ट्रपति की शक्तियाँ और जवाहरलाल नेहरू का जीवन परिचय देखें — Nehru-Chavan समीकरण और 1960 के पुनर्गठन की पृष्ठभूमि के लिए।
निष्कर्ष (Conclusion)
महाराष्ट्र दिवस केवल एक राज्य का स्थापना दिवस नहीं, बल्कि स्वतंत्र भारत में संवैधानिक लोकतंत्र की सबसे सफल कथाओं में एक है। संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन ने सिद्ध किया कि भाषाई, सांस्कृतिक और आर्थिक माँगें — जन-आंदोलन, चुनावी दबाव और संसदीय प्रक्रिया के माध्यम से — शांतिपूर्ण ढंग से राजनीतिक मानचित्र को बदल सकती हैं। 106 हुतात्मा हमें याद दिलाते हैं कि इस शांति की क़ीमत 1955–57 की पुलिस फायरिंग में चुकाई गई। 2026 में महाराष्ट्र — सबसे बड़ी राज्य अर्थव्यवस्था, मराठा आरक्षण की चल रही बहस, और Mahayuti गठबंधन की राजनीति के साथ — आगे बढ़ रहा है, परंतु 1 मई 1960 की मूल संधि (मराठीभाषी राज्य, राजधानी Mumbai) उसकी पहचान का आधार बनी हुई है। UPSC अभ्यर्थी के लिए महाराष्ट्र दिवस Article 3, भाषाई पुनर्गठन, जन-आंदोलन और संघीय व्यवहार — सभी को जोड़ने वाला एक सम्पूर्ण case study है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
महाराष्ट्र राज्य की स्थापना कब हुई थी?
महाराष्ट्र राज्य की स्थापना 1 मई 1960 को Bombay Reorganisation Act, 1960 के अंतर्गत हुई, जब द्विभाषी Bombay State को महाराष्ट्र और Gujarat — दो राज्यों में विभाजित किया गया।
महाराष्ट्र दिवस 1 मई को ही क्यों मनाया जाता है?
1 मई 1960 को Bombay Reorganisation Act लागू हुआ था और मराठीभाषी महाराष्ट्र राज्य अस्तित्व में आया। संयोग से इसी दिन International Labour Day भी मनाया जाता है।
महाराष्ट्र के प्रथम मुख्यमंत्री कौन थे?
यशवंतराव चव्हाण (Yashwantrao Chavan) महाराष्ट्र के पहले CM थे; 1 मई 1960 को उन्होंने शपथ ली। उन्हें “आधुनिक महाराष्ट्र के शिल्पकार” कहा जाता है।
संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन क्या था?
1956 में आरंभ हुआ यह जन-आंदोलन Mumbai सहित मराठीभाषी राज्य की माँग पर केंद्रित था। इसके प्रमुख नेता थे — आचार्य अत्रे, सेनापति बापट, S A Dange और S M Joshi। इसी आंदोलन के दबाव में 1960 में Bombay State का विभाजन हुआ।
106 हुतात्मा कौन थे?
106 हुतात्मा वे शहीद हैं जो नवंबर 1955 से 1957 के बीच संयुक्त महाराष्ट्र आंदोलन के दौरान पुलिस फायरिंग में मारे गए। उनकी स्मृति में Mumbai के Flora Fountain का नाम बदलकर हुतात्मा चौक रखा गया।
महाराष्ट्र के गठन के लिए कौन-सा संवैधानिक अनुच्छेद प्रयोग हुआ?
संविधान का Article 3 — जो संसद को राष्ट्रपति की संस्तुति पर राज्यों के क्षेत्र, सीमा या नाम बदलने की शक्ति देता है।
States Reorganisation Act 1956 और Bombay Reorganisation Act 1960 में क्या अंतर है?
1956 का अधिनियम पूरे देश को व्यापक रूप से भाषाई आधार पर पुनर्गठित कर रहा था, परंतु Bombay को एक द्विभाषी राज्य के रूप में बनाए रखा गया। 1960 का अधिनियम विशेष रूप से Bombay State को महाराष्ट्र और Gujarat में विभाजित करने के लिए पारित हुआ।
2026 में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री कौन हैं?
देवेंद्र फडणवीस (Devendra Fadnavis) 2026 में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री हैं। उन्होंने नवंबर 2024 के विधानसभा चुनाव में Mahayuti की जीत के बाद 5 दिसंबर 2024 को शपथ ली। Eknath Shinde और Ajit Pawar उप-मुख्यमंत्री हैं।
महाराष्ट्र के राज्य प्रतीक क्या हैं?
राज्य पक्षी — Yellow-footed Green Pigeon (हरियाल), राज्य पशु — Indian Giant Squirrel (शेकरू), राज्य वृक्ष आम और राज्य पुष्प जारुल (Jarul / Pride of India)।